धरना-प्रदर्शन-प्रतिरोध

दंगे-नफरत-युद्धोन्माद की गंदी राजनीति नहीं - सभी महिलाओं को रोजी-रोटी, मान-सम्मान, बराबरी चाहिए

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर महिला कामगारों का घोषणा पत्रा जारी

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की पूर्व संध्या पर ऐपवा (अखिल भारतीय प्रगतिशील महिला एसोसिएशन) और ऐक्टू के बैनर तले देश की राजधानी दिल्ली में जंतर-मंतर पर आयोजित एक जनसुनवाई में आगामी लोकसभा चुनाव के लिए कामगार महिलाओं का घोषणापत्र जारी किया गया. राजधानी दिल्ली के कई चर्चित प्रोफेसरों, लेखकों और पत्रकारों की मौजूदगी में पूरी दिल्ली से आयीं सफाई कर्मी, घरेलू कामगार, स्कीम वर्कर्स, निर्माण मजदूर, आदि समेत विभिन्न क्षेत्रों में काम करनेवाली महिलाओं ने इस जन सुनवाई में भागीदारी करते हुए अपनी बातें रखीं.

कोयला मजदूरों का प्रतिवाद मार्च

‘रोजगार दो, नहीं तो कोयला ढोने का अधिकार दो’ के नारे के साथ भाकपा-माले और ऐक्टू ने कोयला ढोने वाले मजदूरों पर बढ़ते पुलिसिया अत्याचार के खिलाफ 19 फरवरी को जमुआ में प्रतिवाद मार्च निकाला और थाने के समक्ष प्रदर्शन किया. बैलगाड़ियों के काफिले के साथ सैकड़ों प्रदर्शनकारी पुलिस-प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी करते हुए प्रतिवाद मार्च निकाल थाने के समक्ष पहुंचे जहां सभा आयोजित की गई. कार्यक्रम की अगुवाई भाकपा-माले विधायक राजकुमार यादव, गांडेय वि. स. क्षेत्र के नेता राजेश यादव, जमुआ वि. स. क्षेत्र के नेता अशोक पासवान, आदि ने किया.

बिहार राज्य औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान कर्मचारी संघ की कलमबंद हड़ताल

बिहार राज्य औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान कर्मचारी संघ (गोप गुट) के नेतृत्व में 25 फरवरी 2019 से कलमबंद हड़ताल शुरू हो गई है जिसमें आईटीआई के सभी संवर्ग के कर्मी शामिल हैं.

बिहार राज्य अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ (गोप गुट) और ऐक्टू ने इस हड़ताल को पूर्ण समर्थन दिया है.

जुगाड़ चालकों का आंदोलन

जुगाड़ गाड़ी व चालक मजदूरों को परमिट देने व विभिन्न थानों में जब्त जुगाड़ गाड़ियों को अविलंब बिना शर्त छोड़ने आदि मांगों को लेकर जुगाड़ गाड़ी चालक संघ (संबद्ध ऐक्टू) के बैनर तले सैकड़ों जुगाड़ चालकों ने 6 फरवरी को भागलपुर कलेक्ट्रेट पर धरना-प्रदर्शन किया. धरना का नेतृत्व ऐक्टू के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एस.के. शर्मा, राज्य सह जिला सचिव मुकेश मुक्त व जुगाड़ गाड़ी चालक संघ के जिला संयोजक रामलखन राम ने किया.

रिक्शा चालकों ने भागलपुर कलेक्ट्रेट पर दिया धरना

रिक्शा चालकों ने रिक्शा-ठेला चालक संघ (संबद्ध ऐक्टू) के बैनर तले भागलपुर, बिहार में 18 फरवरी 2019 को कलेक्ट्रेट पर धरना दिया और ई-रिक्शा अनुदान में देने, सामाजिक सुरक्षा व सम्मान की गारंटी, बेवजह पुलिसिया जुल्म पर रोक और सस्ते भोजन व आवास की व्यवस्था आदि मांगो को बुलंद किया. झंडे-बैनरों व मांग पट्टिकाओं से लैस सैकड़ों रिक्शा चालक मजदूरों ने इस दौरान अपनी मांगों के समर्थन में और सरकार की मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ घंटो नारे लगा कर अपने हक-अधिकार की आवाज बुलन्द की. धरना का नेतृत्व ऐक्टू के जिला अध्यक्ष सह राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एस.के.

मोटर चालकों का आक्रोश मार्च

विगत 7 फरवरी को जयनगर (मधुबनी, बिहार) के मोटर चालक यूनियन नेता मो. नसीम की हुई हत्या में शामिल अपराधियों की अविलंब गिरफ्तारी की मांग के साथ 20 फरवरी को हाईवे पर जबरदस्त चक्का जाम कार्यक्रम आयोजित हुआ.

मो. नसीम 2 फरवरी की शाम अपनी गाड़ी से सवारी लेकर जनकपुर (नेपाल) गए थे, 3 फरवरी को पता चला कि उनकी बेरहमी से हत्या कर दी गई है. यह भी पाया गया कि हत्यारों के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य मौजूद हैं और नेपाल पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए अपना अभियान चलाए हुए है लेकिन जयनगर पुलिस उसको सहयोग नहीं कर रही है.

पुरानी पेंशन बहाली की मांग पर बिहार मुख्यमंत्री के समक्ष धरना

बिहार स्टेट फोरम अगेंस्ट एनपीएस (नई पेंशन नीति) के बैनर तले 14 फरवरी को पटना में पुरानी पेंशन बहाली की मांग पर बिहार मुख्यमंत्री के समक्ष राज्य कर्मियों व शिक्षकों ने धरना दिया. राज्य में 1 सितंबर 2005 एवं उसके बाद नियुक्त राज्य कर्मियों एवं शिक्षकों को पूर्व से प्रचलित पुरानी पेंशन नीति से वंचित कर दिया गया है.

पटना में एड्स नियंत्रण कर्मियों का एक दिवसीय धरना

बिहार राज्य एड्स नियंत्रण कर्मचारी संघ (संबद्ध ऐक्टू) के आहृान पर 20 फरवरी को राज्य के सैकड़ों एड्स नियंत्रण कर्मियों ने समान काम का समान वेतन, स्थायीकरण, 4 लाख अनुग्रह अनुदान, सभी को ईएसआई-ईपीएफ का लाभ, सभी तरह का अवकाश देने, दुर्घटना मुआवजा व मुफ्त चिकित्सा लाभ आदि मांगों सहित वर्ष 2013 से 2015 तक डेढ़ वर्ष का बकाया अंतर वेतन राशि का भुगतान के लिये और 19 करोड़ का आवंटन रहते हुए भी 01.04.17 से देय वार्षिक वेतन वृद्धि का भुगतान एड्स अधिकारियों द्वारा मनमाने तरीके से रोक रखे जाने के खिलाफ ऐसे एड्स नियंत्रण अधिकारियों पर कार्रवाई की मांगों पर बिहार विधान सभा के समक्ष स्थानीय गर्दनीबाग में एक दिव

प्रिकोल श्रमिकों द्वारा बर्खास्तगी का प्रतिवाद

कोयंबटूर स्थित ऑटोमोटिव कल-पुर्जों की निर्माता प्रिकोल कंपनी के 300 स्थायी श्रमिकों ने श्रम विभाग के निर्देश पर प्रबंधन द्वारा कुछ मांग मान लेने के बाद अपनी 100 दिनों की हड़ताल खत्म कर दी. लेकिन, उनकी यह जीत जल्द ही समाप्त हो गई, क्योंकि काम पर वापस आने के फौरन बाद लगभग 300 स्थायी श्रमिकों को बर्खास्तगी का नोटिस थमा दिया गया.

‘‘घर चाहिये, नफरत नहीं’’ ग्रामीण गरीबों की फैजाबाद में महासंसद

संघ-भाजपा द्वारा मंदिर मुद्दे को आगे कर जनता के जरूरी सवालों को पीछे धकेलने, मोदी सरकार की पांच साल की विफलताओं से ध्यान भटकाने और चुनावी साल में ध्रुवीकरण कराने की कोशिशों के बीच, 9 फरवरी 2019 को उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों से बड़ी तादाद में फैजाबाद-अयोध्या पहुंचे ग्रामीण गरीबों ने अखिल भारतीय खेत व ग्रामीण मजदूर सभा (खेग्रामस) के बैनर तले मजदूर महासंसद लगा कर हुंकार भरी और भोजन, जमीन, आवास, आजीविका, सम्मान, शिक्षा व स्वास्थ्य जैसे बुनियादी मुद्दे उठाकर दावेदारी पेश की.